संवाददाता| राजाराम पटेल
जसनगर कस्बे की ढाणी मालियान को नवसृजित पंचायत समिति मंडल जसवंताबाद में जोड़े जाने के निर्णय को लेकर ग्रामीणों में तीव्र आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों ने इस फैसले को अव्यवहारिक और जनभावनाओं के विपरीत बताते हुए गुरुवार को उपखंड अधिकारी (उप जिला मजिस्ट्रेट) रियांबड़ी की चुनाव शाखा में तथा मेड़ता विधायक को ज्ञापन सौंपकर तत्काल निरस्तीकरण की मांग की।

ग्रामीणों का कहना है कि ढाणी मालयन ऐतिहासिक, भौगोलिक और प्रशासनिक रूप से ग्राम पंचायत जसनगर से जुड़ी रही है। वर्तमान में ढाणी मालयन की दूरी जसनगर से मात्र लगभग 2 किलोमीटर है, जबकि जसवंताबाद की दूरी करीब 13 किलोमीटर पड़ती है। इसके बावजूद दूरी, आवागमन और स्थानीय आवश्यकताओं को नजरअंदाज करते हुए ढाणी मालयन को दूरस्थ ग्राम पंचायत जसवंताबाद के नवसृजित पंचायत समिति मंडल में जोड़ दिया गया, जो ग्रामीणों के लिए असुविधाजनक है।
ज्ञापन में बताया गया कि ढाणी मालयन के अधिकांश ग्रामीणों के राशन कार्ड, मतदाता पहचान पत्र, विद्यालय, स्वास्थ्य सेवाएं और अन्य प्रशासनिक कार्य लंबे समय से जसनगर से जुड़े रहे हैं। ऐसे में मंडल परिवर्तन से न केवल आमजन को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ेगा, बल्कि सरकारी योजनाओं और सेवाओं के क्रियान्वयन में भी बाधाएं आएंगी। ग्रामीणों ने यह भी आशंका जताई कि दूरस्थ मंडल से जुड़ने के कारण जनप्रतिनिधियों तक पहुंच कठिन हो जाएगी और स्थानीय समस्याओं का समाधान समय पर नहीं हो पाएगा।
ग्रामीणों ने ज्ञापन के माध्यम से स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि ढाणी मालयन को पुनः ग्राम पंचायत जसनगर के पंचायत समिति मंडल से नहीं जोड़ा गया, तो वे धरना-प्रदर्शन, आंदोलन और आवश्यकता पड़ने पर आमरण अनशन जैसे कदम उठाने को मजबूर होंगे। ग्रामीणों ने कहा कि किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति की पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
ज्ञापन सौंपने के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। इनमें पूर्व पंचायत समिति सदस्य हरिराम मेघवाल, वार्ड पंच मीठालाल माली, छोगाराम माली, सरवणराम दगदी, धारूराम माली, बजरंगलाल सोडा, अलपुरा माली, जगरूपराम माली, सत्यनारायण माली, दुर्गाराम माली, उगमाराम माली, जीवनराम माली, गोकलराम माली, कंवरीलाल माली, राजूराम माली सहित अनेक ग्रामीण शामिल थे। सभी ने एक स्वर में निर्णय को जनविरोधी बताते हुए प्रशासन से संवेदनशीलता दिखाने और त्वरित सुधार की मांग की।
ग्रामीणों को उम्मीद है कि विधायक और प्रशासन जनभावनाओं का सम्मान करते हुए ढाणी मालयन को पुनः जसनगर पंचायत समिति मंडल में शामिल करने का निर्णय लेंगे, ताकि क्षेत्र में शांति, सुविधा और सुचारू प्रशासनिक व्यवस्था बनी रहे।
