डी डी चारण/मेड़ता सिटी
राजस्थानी भाषा के वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. कालूखां देशवाली को समाज सेवा, सामाजिक समरसता और दिव्यांग बच्चों की शिक्षा के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए प्रतिष्ठित “राजस्थान गौरव अवॉर्ड” से सम्मानित किया गया। यह सम्मान सामर्थ सेवा संस्थान द्वारा आयोजित भव्य समारोह में प्रदान किया गया, जो झालरापाटन स्थित होटल गीतांजलि नवलखा में आयोजित हुआ।
समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे महाराजा राणा जी चन्द्रजीत सिंह ने अपने कर कमलों से यह सम्मान प्रदान किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता संस्थान के अध्यक्ष अजयसिंह राठौड़ ने की। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में डॉ. ए. पी. सिंह (सीनियर काउंसलर, भारत सरकार), अमितकुमार बुडानिया (पुलिस अधीक्षक, झालावाड़), सागर पंवार (उप वन संरक्षक) तथा डॉ. अश्वनी जोजरा (संस्थापक, सहयोग इंडिया, जम्मू-कश्मीर) उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान देशभर से विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली लगभग 70 विभूतियों को भी सम्मानित किया गया। समारोह में समाजसेवा, शिक्षा, साहित्य, प्रशासन और अन्य क्षेत्रों में विशिष्ट योगदान देने वाले व्यक्तित्वों को मंच पर सम्मानित कर उनके कार्यों की सराहना की गई।
डॉ. कालूखां देशवाली लंबे समय से राजस्थानी भाषा और साहित्य के संवर्धन के साथ-साथ समाज में समरसता के भाव को मजबूत करने के लिए सक्रिय रूप से कार्यरत हैं। विशेष रूप से दिव्यांग बच्चों की शिक्षा और उनके सशक्तिकरण के लिए किए गए उनके प्रयासों को समाज में सराहा जाता रहा है। उनके कार्यों ने न केवल शिक्षा के क्षेत्र में नई दिशा दी है, बल्कि सामाजिक जागरूकता और समानता का संदेश भी फैलाया है।
सम्मान प्राप्त करने के पश्चात डॉ. देशवाली ने इसे समाज और अपने सहयोगियों की प्रेरणा का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि यह पुरस्कार उन्हें भविष्य में और अधिक समर्पण एवं जिम्मेदारी के साथ कार्य करने की प्रेरणा देगा।
कार्यक्रम के अंत में संस्थान के संस्थापक श्रीराम चन्द्रावल ने सभी अतिथियों एवं आगंतुकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों का उद्देश्य समाज में सकारात्मक कार्य करने वाले लोगों को मंच प्रदान करना और उनके योगदान को सार्वजनिक रूप से सम्मानित करना है।
डॉ. देशवाली को यह प्रतिष्ठित सम्मान मिलने पर मेड़ता सिटी सहित पूरे क्षेत्र के साहित्यकारों एवं बुद्धिजीवियों में हर्ष की लहर दौड़ गई। इस अवसर पर नथमल शर्मा ‘कोशिश’, चांद मोहम्मद घोसी, श्यामसुंदर सिखवाल, बुधाराम छाबा, डॉ. रामरतन लटियाल, सत्यनारायण सुथार, राजू सा जोशी, प्रकाशचंद्र व्यास, नरेंद्रसिंह शेखावत तथा जीतेन्द्र सिखवाल सहित अनेक गणमान्य व्यक्तियों ने उन्हें हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।
डॉ. कालूखां देशवाली की इस उपलब्धि ने न केवल मेड़ता सिटी बल्कि पूरे राजस्थान का गौरव बढ़ाया है। यह सम्मान उनके समर्पण, सेवा भावना और साहित्यिक योगदान की सच्ची पहचान है।
नितिन सिंह
