मेड़ता न्यायालय में विशेष योग्यजनों के लिए व्हील चेयर भेंट | जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की पहल
संवाददाता | डी.डी. चारण | मेड़ता सिटी
मेड़ता न्यायक्षेत्र में मानवता और न्यायिक संवेदनशीलता का एक सुंदर मेल उस समय देखने को मिला, जब जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष अरुण कुमार बेरीवाल (जिला एवं सत्र न्यायाधीश) तथा सचिव स्वाति शर्मा के विशेष प्रयासों से न्यायालय परिसर में आने वाले विशेष योग्यजनों के लिए व्हील चेयर भेंट की गई। यह पहल न केवल एक सामाजिक दायित्व का उत्कृष्ट उदाहरण है, बल्कि न्यायालय की संवेदनशीलता और सेवा-भावना को भी मजबूत करती है।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष अरूण कुमार बेरीवाल ने इस अवसर पर बताया कि न्यायालय परिसर में प्रतिदिन बड़ी संख्या में विशेष योग्यजन, वयोवृद्ध एवं शारीरिक रूप से असमर्थ नागरिक विभिन्न कारणों से आते हैं। ऐसे में व्हील चेयर का उपलब्ध होना उनके लिए राहत और सुविधा दोनों का माध्यम बनेगा। उन्होंने कहा कि न्यायपालिका केवल न्याय देने तक सीमित नहीं, बल्कि न्याय पाने की प्रक्रिया को सुगम बनाना भी उसकी महत्त्वपूर्ण जिम्मेदारी है।
उन्होंने आगे बताया कि यह व्हील चेयर किसी भी जरूरतमंद आगंतुक द्वारा निःशुल्क उपयोग में ली जा सकेगी। यह कदम न्यायालय परिसर को समावेशी और सुलभ बनाने की दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे दिव्यांगजन बिना किसी बाधा के न्याय-सहायता प्राप्त कर सकें।
इस अवसर पर विशिष्ट न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट केसिज श्री आशीष बिजारणियां, अपर सत्र न्यायाधीश श्रीमती दीप्ति श्रीवास्तव, अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सुनीता, न्यायिक मजिस्ट्रेट हुक्मीचंद गहनोलिया, लोक अभियोजक अभिमन्यु शर्मा, तथा बार संघ अध्यक्ष कुंवर जितेन्द्र सिंह उपस्थित रहे।
इसके अलावा अधिवक्तागण — सत्यदेव सांदू, महिपाल लटियाल, मधुसूदन जोशी, महेन्द्र चौधरी, अनिल कुमार दिवाकर, मनजीत डांगा, प्रवीण कुमार, भैरूकिशन जोशी, हस्तीमल सारस्वत और सुनील बेड़ा— भी इस महत्वपूर्ण अवसर का हिस्सा बने। न्यायिक कार्मिकों की उपस्थिती ने कार्यक्रम को और भी गरिमामय बनाया।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सभी अधिकारियों ने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा किए जा रहे जागरूकता कार्यों, लोक-अदालतों, कानूनी सहायता कार्यक्रमों और कमजोर वर्गों के लिए निरंतर चल रही प्रयासों की भी सराहना की। उन्होंने माना कि इस तरह के कदम समाज में एक संवेदनशील और सकारात्मक संदेश भेजते हैं।
व्हील चेयर भेंट कार्यक्रम अचानक से नहीं, बल्कि न्यायालय व्यवस्था को अधिक मानवीय और सुलभ बनाने की निरंतर सोच का हिस्सा है। विशेष योग्यजनों के सम्मान में किया गया यह छोटा-सा प्रयास उनकी कठिनाइयों को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
मेड़ता न्यायालय परिसर में यह सुविधा उपलब्ध होने से दिव्यांगजन अब अधिक सहजता के साथ अपनी कानूनी प्रक्रियाओं का निर्वहन कर सकेंगे। न्यायालय और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की यह पहल समाज के कमजोर और ज़रूरतमंद वर्गों के प्रति उनके समर्पण को स्पष्ट रूप से दर्शाती है।
नितिन सिंह/वीबीटी न्यूज/27 नवंबर 2025
