नागौर, 26 जनवरी। जिले में 77 वां गणतंत्र दिवस सोमवार को उत्साह, अनुशासन और राष्ट्रभक्ति के वातावरण में समारोहपूर्वक मनाया गया। जिला स्तरीय मुख्य समारोह राजकीय खेल स्टेडियम में आयोजित किया गया। जहां मुख्य अतिथि सार्वजनिक निर्माण विभाग एवं महिला व बाल विकास राज्यमंत्री मंजू बाघमार ने ध्वजारोहण किया तथा परेड निरीक्षण के उपरान्त मार्चपास्ट की सलामी ली।

*उत्कृष्ट सेवाओं के लिए 89 प्रतिभाओं का सम्मान*
मुख्य अतिथि राज्यमंत्री बाघमार व जिला कलक्टर अरुण कुमार पुरोहित, जिला पुलिस अधीक्षक मृदुल कच्छावा ने विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट एवं उल्लेखनीय सेवाओं के लिए 89 महानुभावों को प्रशंसा पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। इससे पूर्व अतिरिक्त जिला कलक्टर चंपालाल जीनगर ने राज्यपाल का संदेश पढ़कर सुनाया।

*राज्य मंत्री ने भाषण में राज्य सरकार की उपलब्धियों का किया बखान*
अपने संबोधन में राज्य मंत्री मंजू बाघमार ने कहा कि आज का दिन हमारे लिए बेहद गौरव का दिन है। आज ही के दिन 1950 में हमारे देश में एक संविधान लागू हुआ। डॉ. भीमराव अंबेडकर के नेतृत्व में बने हमारे संविधान ने हमें न्याय, स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व का अधिकार दिया। हमारे संविधान ने करोड़ों भारतीयों को एकता के सूत्र में बांधा और दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र का आधार बनाया। हमारा राजस्थान राज्य रणबांकुरों, वीरांगनाओं और सांस्कृतिक धरोहर का गर्व है। यहां मीरांबाई, पृथ्वीराज चौहान, महाराणा प्रताप जैसे महान वीरों की भूमिका पर आज हम गर्व करते हैं। इस दौरान उन्होंने वीरों को नमन करते हुए कहा कि हमें यह सुनिश्चित करना है कि सभी को शिक्षा का सम्मान अवसर मिले। महिलाओं, बच्चों और कमजोर वर्ग को सुरक्षा और सम्मानता मिले। इस दौरान उन्होंने राज्य सरकार की जन कल्याणकारी योजनाओं के बारे में बताते हुए कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने महिला सशक्तिकरण सहित अनेक कार्य किए हैं।
राज्य मंत्री ने वंदे मातरम की 150 वीं वर्षगांठ पर बोलते हुए कहा कि यह केवल गीत ही नहीं एकता व स्वतंत्रता की पुकार है ।हमारी युवा पीढ़ी हमारा भविष्य है। हमारे युवा देश के विज्ञान, तकनीक, खेल, कृषि व आईटीआई में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ‘विकसित भारत–2047’ विजन को सफल बनाने में राजस्थान राज्य महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। इस दौरान उन्होंने कहा कि 2047 तक हमारा राज्य शिक्षा, सौर ऊर्जा और निवेशकों के क्षेत्र में देश का अग्रणी राज्य बने और हमारा राज्य देश की पहली पसंद बने। उन्होंने समारोह के अंत में शहीदों को नमन करते हुए कहा कि आओ सम्मान करें उन वीरों का जिनकी बदौलत भारत गणतंत्र हुआ।
*भव्य मार्चपास्ट, लेजियम व योगासन*
समारोह में प्रथम बटालियन आरएसी, पुलिस विभाग, गृह रक्षा दल, एनसीसी, स्काउट एवं गाइड की टुकड़ियों ने भव्य मार्चपास्ट प्रस्तुत किया।
*सामूहिक व्यायाम व सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से उमड़ा देशप्रेम*
स्कूली छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुत सामूहिक व्यायाम एवं देशभक्ति से ओतप्रोत सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने समारोह को उल्लासमय बना दिया और दर्शकों में राष्ट्रप्रेम का संचार किया। वहीं गोटन की एल.के. सिंघानिया स्कूल के विद्यार्थियों ने ब्रास बैंड का प्रदर्शन किया। जिसे संपूर्ण वातावरण मधुर धून से गुंज उठा। शारदा बाल स्कूल की छात्राओं द्वारा लेजियम प्रदर्शन किया गया। साथ ही छात्राओं द्वारा योगासन भी किया गया। वही छात्राओं द्वारा लोकगीतों पर आधारित सामूहिक नृत्य की प्रस्तुतियां भी दी गई।
*वंदे मातरम् के 150 वर्ष : राष्ट्रगीत को समर्पित रहा समारोह*
इस वर्ष वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में गणतंत्र दिवस समारोह विशेष रूप से राष्ट्रगीत की भावना को समर्पित रहा। समारोह के दौरान सामूहिक रूप से राष्ट्रगीत “वंदे मातरम्” का गायन भी किया गया।
*झांकियों में चिकित्सा विभाग को मिला प्रथम स्थान*
मुख्य समारोह में वंदे मातरम् की भावभूमि पर आधारित आकर्षक झांकियों के माध्यम से देशभक्ति, राष्ट्रप्रेम और सांस्कृतिक एकता का संदेश प्रस्तुत किया गया। विभिन्न विभागों एवं संस्थाओं की झांकियों में विकास कार्यों, जनकल्याणकारी योजनाओं, स्वच्छता, स्वास्थ्य, जल संरक्षण, महिला सशक्तिकरण, कृषि नवाचार, शिक्षा और सड़क सुरक्षा जैसे विषयों को प्रभावी ढंग से प्रदर्शित किया गया।
झांकियों में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की झांकी को प्रथम, महिला एवं बाल विकास विभाग की झांकी को द्वितीय तथा जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग एवं डिस्कॉम की झांकी को तृतीय स्थान प्राप्त हुआ। संपूर्ण कार्यक्रम के दौरान मोहम्मद शरीफ छींपा मंच संचालन किया। राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। कार्यक्रम की समाप्ति के बाद पत्रकारों व जिला प्रशासन के बीच मैत्री क्रिकेट मैच खेला गया। जिसमें प्रशासन ने जीत हासिल की ।
