परबतसर।
पीलवा थाना क्षेत्र के ग्राम पीह में सोमवार देर रात एक ऐसी घटना सामने आई जिसने पूरे क्षेत्र के माहौल में बेचैनी घोल दी। संविधान निर्माता और सामाजिक न्याय के अग्रदूत बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की ग्राम पंचायत परिसर में स्थापित प्रतिमा को अज्ञात असामाजिक तत्वों द्वारा क्षतिग्रस्त कर दिया गया। घटना रात करीब 11.20 बजे की बताई जा रही है।
मंगलवार सुबह जब ग्रामीण अपनी दिनचर्या के साथ बाहर निकले, तो उन्होंने प्रतिमा के एक हाथ को टूटा हुआ पाया। यह दृश्य किसी शांत जल में अचानक गिराए गए पत्थर-सा था—क्षण भर में गाँव में चर्चा, गुस्सा और पीड़ा का सैलाब उमड़ पड़ा।
ग्रामीणों में उबाल, कार्रवाई की उठी मांग
घटना के सामने आते ही ग्रामीण बड़ी संख्या में एकत्र हुए और प्रशासन से दोषियों की तुरंत गिरफ्तारी की मांग की। लोगों ने कहा कि यह सिर्फ एक प्रतिमा को तोड़ने की हरकत नहीं है, बल्कि यह समाज के प्रति, संविधान के प्रति और बाबा साहब द्वारा दिखाए गए रास्ते के प्रति सीधा हमला है।
ग्राम सरपंच अमरचंद जाजड़ा और हरसौर मंडल अध्यक्ष अमित आसोपा ने भी घटना की कड़ी निंदा की और कहा कि यह कृत्य किसी भी रूप में स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने आरोपी तत्वों की तुरंत गिरफ्तारी और नई प्रतिमा लगाने की मांग प्रशासन से की।
सीसीटीवी फुटेज में दिखे 7–8 युवक
घटना स्थल के पास लगे सीसीटीवी कैमरों में 7 से 8 अज्ञात युवक देखे गए हैं। फुटेज को पुलिस ने कब्जे में ले लिया है और आरोपियों की पहचान करने की प्रक्रिया तेज़ी से चल रही है। पुलिस का कहना है कि फुटेज की सहायता से जल्द ही आरोपी तत्वों तक पहुंचकर उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
पुलिस एवं प्रशासन मौके पर—जांच तेज
घटना की जानकारी लगते ही मकराना पुलिस उपाधीक्षक विक्की नागपाल और पीलवा थाना प्रभारी तुरंत मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने पूरे क्षेत्र का निरीक्षण किया और घटनास्थल पर मौजूद लोगों से बातचीत कर जानकारी जुटाई।
अधिकारियों ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि मामले को बेहद गंभीरता से लिया जा रहा है और किसी भी कीमत पर दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
एसडीएम का सख्त संदेश—“अमन भंग करने वालों को नहीं बख्शेंगे”
परबतसर एसडीएम कुसुमलता चौहान भी मौके पर पहुंचीं। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा—
“अमन और शांति भंग करने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी। अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। जल्द से जल्द आरोपियों को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।”
उन्होंने ग्रामीणों से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि प्रशासन पूरी तरह सजग है और न्याय सुनिश्चित किया जाएगा।
पीह गाँव में हुई यह घटना सिर्फ एक तोड़-फोड़ नहीं, बल्कि सामाजिक सद्भाव को चुनौती देने वाला निंदनीय कृत्य है। प्रशासन ने जांच तेज कर दी है और जल्द ही दोषियों की गिरफ्तारी की उम्मीद जताई है। ग्रामीण भी एकजुट होकर न्याय की मांग कर रहे हैं।
बाबा साहब अंबेडकर की प्रतिमा पर हमला, उनके विचारों पर कभी नहीं हो सकता—यह संदेश ग्रामीणों ने अपने आक्रोश के बीच स्पष्ट रूप से दिया है।
नितिन सिंह/02 नवंबर 2025
