नागौर, 4 अगस्त 2026। पर्यावरण संरक्षण और राजस्थान को हराभरा बनाने के संकल्प के साथ चलाए जा रहे ‘हरियालो राजस्थान’ अभियान के तहत मंगलवार को डेगाना क्षेत्र में एक ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज की गई। पंचायत समिति बैरून्दा एवं डिगाना क्षेत्र में एक ही दिन में एक लाख पौधारोपण का लक्ष्य जनभागीदारी और सामूहिक प्रयासों से सफलतापूर्वक पूरा किया गया। अभियान में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, कर्मचारियों, विद्यार्थियों, सामाजिक संस्थाओं और ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।

पंचायत समिति क्षेत्र की प्रत्येक ग्राम पंचायत को चार हजार पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। ग्राम पंचायतों ने ग्रामीणों और विभिन्न संस्थाओं के सहयोग से निर्धारित लक्ष्य को समय पर पूरा किया। बड़ी संख्या में लोगों की भागीदारी ने अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप दे दिया। पौधारोपण के साथ लोगों ने लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल और संरक्षण का भी संकल्प लिया।
सुरपुरा, निबोला बिसियां और तेजाजी हर्सौर में रहा विशेष आयोजन
अभियान का मुख्य आयोजन नवगठित ग्राम पंचायत सुरपुरा, ग्राम पंचायत निबोला बिसियां तथा पिरामिड वैली स्थित तेजाजी हर्सौर परिसर में किया गया। यहां जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ ग्रामीणों, विद्यार्थियों एवं सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने पौधारोपण किया। इस दौरान लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करते हुए अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी सुरक्षा करने का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डेगाना विधायक अजय सिंह किलक ने पौधारोपण करते हुए कहा कि पौधे लगाना केवल एक अभियान तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि यह आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित और स्वस्थ भविष्य की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि पौधा लगाने के बाद उसका संरक्षण सबसे महत्वपूर्ण कार्य है। विधायक ने ग्राम पंचायत स्तर पर पौधों की देखरेख, जल उपलब्धता और नियमित संरक्षण की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
कलेक्टर ने कहा—हर पौधे को वृक्ष बनाना हमारा लक्ष्य
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए नागौर जिला कलेक्टर देवेंद्र कुमार ने कहा कि एक दिन में एक लाख पौधारोपण का लक्ष्य पूरा होना जनभागीदारी की बड़ी सफलता है। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण तभी प्रभावी होगा, जब पौधारोपण के साथ उनके संरक्षण की जिम्मेदारी भी समाज उठाए।
कलेक्टर ने आमजन से अपील की कि लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल करें और उन्हें वृक्ष बनने तक सुरक्षित रखें। उन्होंने कहा कि आज लगाए गए पौधे आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ हवा, बेहतर पर्यावरण और हरित भविष्य देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
जनभागीदारी बनी अभियान की सबसे बड़ी ताकत
अभियान में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी एवं कर्मचारी, समाजसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधि, विद्यालयों के छात्र-छात्राएं और ग्रामीण शामिल हुए। बच्चों और युवाओं ने भी उत्साह के साथ पौधे लगाए और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
डेगाना क्षेत्र में एक दिन में एक लाख पौधों का रोपण केवल आंकड़ा नहीं, बल्कि सामूहिक संकल्प, जनभागीदारी और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी का प्रतीक बनकर सामने आया। अब प्रशासन और ग्रामीणों के सामने इन पौधों के संरक्षण और उन्हें वृक्ष बनने तक सुरक्षित रखने की चुनौती है, ताकि आज का यह अभियान आने वाले वर्षों में हरियाली की मजबूत नींव साबित हो सके।
